जांच

पहले सुप्रीम कोर्ट के निर्देश पर जस्टिस मुकुल मुदगल ने आइपीएल फिक्सिंग मामले की जांच की। इस जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई तय करने के लिए सुप्रीम कोर्ट ने पूर्व मुख्य न्यायाधीश जस्टिस आरएम लोढा की समिति का गठन किया। लोढा समिति भी सिफारिशें सौंप चुकी है। देखने वाली बात होगी कि बीसीसीआइ किस तरह सफाई प्रक्रिया शुरू करता है।
 

यह जितना उत्साहजनक है कि अब सीबीआइ को भ्रष्टाचार के आरोपों में घिरे नौकरशाहों के खिलाफ जांच आगे बढ़ाने के लिए सरकारी मंजूरी का इंतजार नहीं करना पड़ेगा वहीं यह उतना ही निराशाजनक कि इसे उचित ठहराने के लिए सुप्रीम कोर्ट की संवैधानिक पीठ को आगे आना पड़ा।