शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार कब?

प्राथमिक शिक्षा ऐसा आधार है जिसपर देश तथा इसके प्रत्येक नागरिक का विकास निर्भर करता है। हाल के वर्षों में भारत ने प्राथमिक शिक्षा में नामांकन, स्कूलों में छात्रों की संख्या बरकरार रखने, उनकी नियमित उपस्थिति दर और साक्षरता के प्रसार के संदर्भ में काफी प्रगति की है। जहाँ उन्नत शिक्षा पद्धति को किसी भी देश के आर्थिक विकास का मुख्य योगदानकर्ता तत्व माना जाता है, वहीं भारत में आधारभूत शिक्षा की गुणवत्ता फिलहाल एक चिंता का विषय है। निजी व सरकारी स्तर पर गुणवत्ता सुधार के लिए काफी प्रयास भी हो रहे हैं, लेकिन क्या ये प्रयास पर्याप्त हैं और क्या धरातल पर इसका कुछ प्रभाव दिखाई दे रहा है। इस विषय पर www.azadi.me के संपादक अविनाश चंद्र की नेशनल इंडिपेंडेंट स्कूल अलायंस के प्रेसीडेंट कुलभूषण शर्मा से बातचीत के कुछ अंश..

- आजादी.मी