संपादकीय कोना - अविनाश

अविनाश चंद्रा

इस पेज पर अविनाश चंद्रा के लेख दिये गये हैं।

भारत बहु विविधताओं वाला देश है। अर्थात यहां की भौगोलिक और पारिस्थितिक स्थिति, रहन-सहन, बोल-चाल, खान-पान, भाषा-संस्कृति, जरूरतें आदि लगभग सभी चीजों में भिन्नताएं हैं। यह एक ऐसी अनूठी विशेषता है जिसपर प्रत्येक देशवासियों को गर्व है और हम सभी का यह फर्ज है कि इस विशेषता को सहेज कर रखें। किसी दार्शनिक ने जब ‘एक कमीज सभी पर बराबर नहीं अंट सकती’ (वन शर्ट डज़ नॉट फिट ऑल) का दर्शन प्रस्तुत किया होगा तो कहीं न कहीं हमारे देश की विविधताएं उसके जेहन में अवश्य रही होगी।

Published on 5 Jul 2019 - 12:45

रेहड़ी पटरी व्यवसायी जाएं तो जाएं कहां?

किसी शॉपिंग कॉम्प्लेक्स, स्थानीय बाजार या सड़क किनारे खड़े होकर या फेरी लगाकर दिन प्रतिदिन के कार्यों में इस्तेमाल होने वाली वस्तुओं को बेचकर आजीविका चलाने वाले पथ विक्रेताओं (स्ट्रीट वेंडर्स) से हम सभी का सामना अक्सर होता है। ये वेंडर्स स्वरोजगार के माध्यम से न केवल अपनी रोजी रोटी कमा रहे हैं बल्कि उपभोक्ताओं को सस्ते दर पर उनकी सहूलियत वाली जगह पर सामान उपलब्ध कराकर देश की

Published on 27 Jun 2019 - 20:45

14वर्ष तक की आयु के बच्चों को निशुल्क और अनिवार्य शिक्षा प्रदान करने के लिए 2009 में शिक्षा का अधिकार कानून लागू किया गया। इस कानून के आने के बाद स्कूलों में छात्रों का नामांकन वैश्विक स्तर (औसतन 95%) के लक्ष्य के पास तो पहुंच गया लेकिन सीखने के परिणामों के मामले में स्तर रसातल में पहुंच गया।

गैर सरकारी संगठन प्रथम द्वारा जारी वार्षिक रिपोर्ट ‘असर’ के मुताबिक वर्ष 2008 में सरकारी स्कूलों के लगभग 85 प्रतिशत विद्यार्थी कक्षा 2 की

Published on 19 Jun 2019 - 18:50

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