आर्थिक महाशक्ति

- शिक्षा, सुरक्षा और असंगत कर प्रणाली के कारण ब्रिटेन सहित अन्य देशों में पलायन करने को मजबूर हो रहे लोग
 
- प्रतिदिन 12 लोग छोड़ रहे हैं देश, सबसे ज्यादा पलायन वाले देशों में चीन के बाद भारत का दूसरा स्थान
 

खुद को उभरती हुई आर्थिक शक्ति मानकर गर्व करने वाले भारत के लिए यह खबर शर्मनाक है। दुनिया में भुखमरी के शिकार जितने लोग हैं, उनमें से एक चौथाई लोग सिर्फ भारत रहते हैं। भुखमरी के मामले में हमारे हालात पाकिस्तान और बांग्लादेश जैसे मुल्कों से भी कहीं ज्यादा खराब हैं।

पिछले सप्ताह विश्व बैंक ने विश्व में गरीबी की स्थिति पर एक रिपोर्ट जारी की। मनुष्य होने के नाते इस दस्तावेज को पढ़ना आनंददायी रहा, क्योंकि इससे पता लगता है कि कितनी तेजी से हर जगह भीषण गरीबी कम हो रही है। लेकिन, भारत के नागरिक के रूप में रिपोर्ट को पढ़ना निराशाजनक रहा। इसके कारणों पर हम आगे चर्चा करेंगे। पहले अच्छी खबर पर बात करें। 1981 में 1.9 अरब लोग भीषण गरीबी की स्थिति में रह रहे थे, मतलब यह कि प्रतिदिन प्रतिव्यक्ति खर्च बमुश्किल ३क् रुपए था। लेकिन 2010 तक बेहद गरीब लोगों की संख्या घटकर 1.2 अरब रह गई।