फर्जी

सरकारी नियंत्रण फर्जीवाड़े़ और काला बाजारी को बढ़ावा देता है। यह सत्य का दमन करता है और वस्तुओं की गहन कृत्रिम कमी पैदा करता है। यह लोगों को कहीं का नहीं छोड़ता है और उन्हें उपक्रमण से वंचित करता है। यह लोगों को स्वावलंबी होने के गुणों का नाश करता है। जाहिर तौर पर, सरकार की बढ़ती शक्तियां मुझे भयभीत करती है। भले ही यह लोगों को शोषित होने से बचाकर यह अच्छा काम करती है, लेकिन व्यैक्तिकता (निजी), जो कि सभी उन्नतियों के हृदय में वास करती है, को नष्ट कर यह मानवता को भीषण हानि पहुंचाती है.. : महात्मा गांधी

मनरेगा को लेकर कैग ने जो कुछ कहा है वह वाकई चौंकाने वाला है। कैग की रिपोर्ट के मुताबिक इस स्कीम में 13 हजार करोड़ रूपए की धांधली हुई है और इसका लाभ भी जरूरतमंदों तक नहीं पहुंच सका है। यूपीए सरकार अपनी उपलब्धियों में इसे सबसे उपर रखती है। कुछ समय पहले कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी ने इसकी जमकर तारीफ की थी और कहा था कि इससे दूसरी हरित क्रांति आ सकती है। जाहिर है, कैग की इस रिपोर्ट से यूपीए सरकार को धक्का लगेगा। वह यह कहकर अपना बचाव करने की कोशिश करेगी कि इस स्कीम को अमल में लाने की वास्तविक जवाबदेही राज्य सरकारों की है, मगर कैग की रिपोर्ट में केंद्र की भी आलोचना